नागपुर के हुडकेश्वर हत्याकांड में आरोपी को आजीवन कारावास
Published on 17 September 2026
नागपुर के हुडकेश्वर थाना क्षेत्र में वर्ष 2019 में हुए हत्या के मामले में अदालत ने बड़ा फैसला सुनाया है। जिला न्यायाधीश-2 तथा अतिरिक्त सत्र न्यायाधीश, नागपुर एस.एच. ग्वालानी की अदालत ने आरोपी प्रसाद दशरथ रोकड़े को हत्या के मामले में दोषी ठहराते हुए आजीवन सश्रम कारावास की सजा सुनाई है।
अदालत ने आरोपी पर 25 हजार रुपये का जुर्माना भी लगाया है। जुर्माना नहीं भरने पर तीन महीने का अतिरिक्त सश्रम कारावास भुगतना होगा। वहीं, मामले में शामिल अन्य आरोपियों को अदालत ने साक्ष्यों के आधार पर निर्दोष मुक्त कर दिया।
मामला 28 अक्टूबर 2019 की रात का है। पुलिस के अनुसार, उदयनगर चौक, रिंग रोड पर रितीक डेंगे अपने दोस्तों अभिजीत खरात और जितेंद्र बडे के साथ खड़े थे। इसी दौरान पास में मौजूद कुछ युवक पुलिस की पेट्रोलिंग गाड़ी को देखकर वहां से भागने लगे। जितेंद्र बडे द्वारा कथित तौर पर की गई टिप्पणी के बाद विवाद शुरू हुआ।
आरोप है कि प्रसाद रोकड़े समेत अन्य आरोपियों ने मिलकर तीनों युवकों के साथ मारपीट की। इसी दौरान प्रसाद रोकड़े ने जितेंद्र बडे के हाथ और छाती पर धारदार हथियार से हमला किया, जिससे उनकी मौत हो गई।
मामले की जांच तत्कालीन पुलिस अधिकारी शुभांगी देशमुख ने की और जांच पूरी होने के बाद अदालत में आरोपपत्र दाखिल किया गया। सरकारी पक्ष की ओर से अधिवक्ता कल्पना पांडे ने पैरवी की। अदालत में पुलिस की ओर से कोर्ट पैरवी अधिकारी किर्ती फुकट ने भी कार्यवाही में भूमिका निभाई।